गौतम बुद्ध नगर। अपने परिजनों से बिछड़ कर बिहार से नोएडा आई एक महिला को 10 वर्ष बाद अपना घर आश्रय और नोएडा पुलिस की मेहनत से उसके परिजनों से मिलवाया गया है। बिहार की जनपद नवादा निवासी रूबी की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। 10 वर्ष पूर्व घर से निकली। उसके बाद घर नहीं लौटी थी। उसके परिजन उसे तलाश रहे थे, लेकिन वह नहीं मिली। 2 वर्ष पूर्व वह नोएडा के सेक्टर 47 की सड़क पर वह बीमार हालत में पाई गई थी। उन्हें पुलिस द्वारा सेक्टर 34 स्थित अपना घर आश्रय में भर्ती करवाया गया था।
महिला अपने परिवार के बारे में ज्यादा कुछ बता नहीं पा रही थी। उसका अपना घर आश्रय में इलाज चल रहा था। 2 वर्ष बाद उनको अपने गांव और पति का नाम याद आया। उनके पति रामानंद और ग्राम प्रधान को सूचना दी गई। उनके पति बिहार से नोएडा पहुंचे तथा उन्होंने अपनी पत्नी की पहचान की और उसे अपने साथ लेकर बिहार के लिए रवाना हुए। पुलिस आयुक्त के मीडिया प्रभारी ने बताया कि गौतम बुद्ध नगर की ह्यूमन ट्रैफिकिंग सेल और अपना घर आश्रय के लगातार प्रयास के चलते अब तक 240 लोगों का पुनर्वास करवाया जा चुका है। उन्होंने बताया कि पुलिस का यह प्रयास लगातार जारी है।
